छत्तीसगढ़ के चर्चित शराब घोटाला (Chhattisgarh Liquor Scam) मामले में केंद्रीय जांच एजेंसी प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने अंतिम चालान पेश कर दिया है.

शुक्रवार को प्रवर्तन निदेशालय ने विशेष कोर्ट में 29 हजार 800 से अधिक पन्नों का चालान पेश किया. सुप्रीम कोर्ट के निर्देश के बाद यह चालान पेश किया गया है. अब मामले में जल्द ही ट्रायल शुरू हो सकता है. छत्तीसगढ़ में शराब घोटाला मामले में अब तक पूर्व आबकारी मंत्री कवासी लखमा, पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के बेटे चैतन्य बघेल, राज्य प्रशासनिक सेवा की अधिकारी सौम्या चौरसिया, पूर्व IAS अनिल टुटेजा और पूर्व आईएएस निरंजन दास, शराब कारोबारी अनवर ढेबर समेत शराब और रियल एस्टेट से जुड़े कारोबारी गिरफ्तार किया जा चुके हैं.
इनको बनाया गया है आरोपी
प्रवर्तन निदेशालय यानी कि ED की ओर से पेश अंतिम चालान में शराब घोटाला मामले में पूर्व आबकारी मंत्री कवासी लखमा, पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के बेटे चैतन्य बघेल, पूर्व मुख्यमंत्री की उपसचिव रही सौम्या चौरसिया, पूर्व आबकारी आयुक्त निरंजन दास समेत 80 को आरोपी बनाया गया है. आरोपियों में शराब कारोबारी अनवर ढेबर, पूर्व IAS अनिल टुटेजा समेत 22 आबकारी अधिकारियों के नाम भी शामिल हैं.
प्रवर्तन निदेशालय की ओर से वकील सौरभ पांडे ने बताया कि पुख्ता सबूतों के साथ चालान पेश किया गया है. ED साल 2019 से 22 के बीच में करीब 3000 करोड रुपए के शराब घोटाला होने का अनुमान लगाया है.
अब कोर्ट में ट्रायल शुरू होने के बाद सभी आरोपियों के खिलाफ आरोप सिद्ध करने की प्रक्रिया होगी. बचाव पक्ष से वकील फैसल रिजवी ने बताया कि सुप्रीम कोर्ट ने ED को निर्देश दिया था कि इस मामले में 90 दिन के भीतर अंतिम चालान पेश करें कितने दिन तक सिर्फ विवेचना करते रहेंगे. सुप्रीम कोर्ट के इस निर्देश का पालन करते हुए अब चालान पेश किया गया है.
- बिना लाइसेंस बिक रही थी कीटनाशक दवाएं, कृषि विभाग की कार्रवाई से मचा हड़कंप… - September 20, 2026
- सारंगढ़:अतिक्रमण हटा, संवरी बच्चों की राह; जामपाली में शासकीय जमीन पर बना आदर्श आंगनबाड़ी केंद्र…. - September 20, 2026
- अधूरे आवासों पर सीईओ की सख्ती, लापरवाह कर्मचारियों को नोटिस के निर्देश… - September 20, 2026
