छत्तीसगढ़:वनकर्मियों पर जानलेवा हमला, कुल्हाड़ी से वार का प्रयास, 5 आरोपी गिरफ्तार…

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कोरबा। छत्तीसगढ़ के कोरबा जिले में वनकर्मियों पर हुए जानलेवा हमले के मामले में पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए पांच आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। यह पूरा मामला करतला परिक्षेत्र के ग्राम जोगीपाली का है, जहां 14 नवंबर की रात ड्यूटी पर तैनात वनकर्मियों पर ग्रामीणों के एक समूह ने हमला कर दिया था।

गिरफ्तार आरोपियों में मनाराम, संजय, पंडेवालाल, प्रमोद और अंकुश पटेल शामिल हैं। सभी को कोर्ट में पेश करने के बाद न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया है।

हाथियों के झुंड की निगरानी कर रहे थे वनकर्मी

घटना उस समय हुई जब सहायक वन परिक्षेत्राधिकारी चमरू सिंह कंवर और बीट गार्ड गजाधर सिंह राठिया 38 हाथियों के विशाल झुंड की निगरानी में जुटे थे। इसी दौरान उन्हें कुश पटेल और मना राम पटेल ट्रैक्टर में साल के लट्ठे ले जाते नजर आए। उनके साथ करीब एक दर्जन लोग और भी मौजूद थे। वनकर्मियों के अनुसार, अवैध लकड़ी परिवहन का संदेह होने पर जब उन्होंने जांच की कोशिश की, तो उन पर हमला कर दिया गया।

मोबाइल छीने, जबरन गांव ले जाकर पीटा

वनकर्मियों ने आरोप लगाया कि हमलावरों ने पहले उनके मोबाइल फोन छीन लिए और उन्हें जबरन गांव की ओर घसीट ले गए। वहां ले जाकर लाठी-डंडों से उनकी बेरहमी से पिटाई की गई। इतना ही नहीं, उन पर कुल्हाड़ी से हमला कर हत्या करने का भी प्रयास किया गया। दोनों कर्मचारी गंभीर रूप से घायल हो गए, जिसके बाद मामला पूरे जिले में चर्चा का विषय बन गया।

वनकर्मियों का विरोध, त्वरित कार्रवाई की मांग
घटना के बाद वनकर्मियों में भारी रोष फैल गया। छत्तीसगढ़ वन कर्मचारी संघ ने इस हमले के विरोध में एक आपात बैठक बुलाई। संभागीय अध्यक्ष प्रीतम पुराइन और जिलाध्यक्ष कमलेश कुम्हार की अगुवाई में वनकर्मियों का प्रतिनिधिमंडल एसपी कार्यालय पहुंचा। यहां डीएसपी मुख्यालय को ज्ञापन सौंपकर आरोपियों की तत्काल गिरफ्तारी व सख्त कानूनी कार्रवाई की मांग की गई।

पुलिस ने चलाया संयुक्त अभियान, पांच गिरफ्तार

शिकायत के बाद पुलिस ने मामले को गंभीरता से लेते हुए 26 नवंबर को एक संयुक्त अभियान चलाया। इसमें सात टीआई, नौ एसआई/एएसआई सहित करीब 70 पुलिसकर्मी और वनकर्मी शामिल हुए। इस व्यापक तलाशी अभियान में मनाराम, संजय, पंडेवालाल, प्रमोद और अंकुश पटेल को गिरफ्तार कर लिया गया। वहीं अन्य फरार आरोपियों की तलाश लगातार जारी है।

आरोपियों को जेल भेजा गया, जांच जारी

एएसपी ने बताया कि गिरफ्तार आरोपियों के खिलाफ उचित कानूनी धाराओं के तहत कार्रवाई की जा रही है। करतला थाने में दर्ज एफआईआर के आधार पर पुलिस अब उन लोगों की पहचान में जुटी है, जिन्होंने लकड़ियों की तस्करी में भूमिका निभाई और वनकर्मियों पर हमला किया। पुलिस का कहना है कि इस मामले में किसी भी दोषी को बख्शा नहीं जाएगा।