रायगढ़, 11 जून। रायगढ़ पुलिस द्वारा चलाए जा रहे “ऑपरेशन क्लीन हंट” के तहत फरार आरोपियों और वारंटियों की धरपकड़ लगातार जारी है। इसी अभियान के तहत कोतवाली पुलिस ने एनडीपीएस एक्ट के मामले में लंबे समय से फरार चल रहे गांजा तस्कर सतीश गोरख (31 वर्ष), निवासी सोनकरपारा रायगढ़ को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया, जहां से उसे न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया।
जानकारी के अनुसार 25 मई 2026 को साइबर थाना एवं कोतवाली पुलिस की संयुक्त टीम ने मुखबिर की सूचना पर बीड़पारा स्थित इरशाद खान के मकान में छापेमार कार्रवाई की थी। इस दौरान पुलिस ने 6.168 किलोग्राम गांजा और एक सैमसंग मोबाइल फोन जब्त कर इरशाद खान को गिरफ्तार किया था।
पूछताछ में इरशाद खान ने बताया कि वह अपने साढ़ू मोहम्मद वसीम के साथ मिलकर गांजा बेचता था। इसके बाद पुलिस ने मोहम्मद वसीम को भी हिरासत में लिया। जांच में खुलासा हुआ कि दोनों को ओडिशा से गांजा उपलब्ध कराने वाला मुख्य सप्लायर सतीश गोरख था, जिसने दो दिन पहले ही बिक्री के लिए 6 पैकेट गांजा उपलब्ध कराया था।
पुलिस की लगातार पतासाजी के बाद 10 जून 2026 को मुखबिर की सूचना पर सतीश गोरख को उसके घर से गिरफ्तार कर लिया गया। पूछताछ में आरोपी ने स्वीकार किया कि वह बकरी-बकरों के व्यापार की आड़ में ओडिशा जाता था और कनकतुरा क्षेत्र से गांजा खरीदकर लाता था। उसने बताया कि 23 मई को खरीदा गया गांजा मोहम्मद वसीम को बिक्री के लिए दिया था, जिससे उसे 30 हजार रुपये मिले थे। पुलिस ने आरोपी के कब्जे से 2,750 रुपये नकद भी जब्त किए हैं।
आरोपी ने यह भी बताया कि घटना में प्रयुक्त उसका मोबाइल फोन तालाब में गिरकर खराब हो गया था। पर्याप्त साक्ष्य मिलने पर पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर जेल भेज दिया।
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक श्री शशि मोहन सिंह ने कहा कि नशे के अवैध कारोबार में संलिप्त व्यक्तियों के खिलाफ रायगढ़ पुलिस की कार्रवाई लगातार जारी रहेगी। फरार तस्करों को किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाएगा और संगठित अपराध के पूरे नेटवर्क को ध्वस्त किया जाएगा।
इस कार्रवाई में निरीक्षक सुखनंदन पटेल, उप निरीक्षक ऐनु देवांगन एवं पुलिस टीम की महत्वपूर्ण भूमिका रही।


