रायगढ़। यूरिया और डीएपी को ज्यादा रेट पर बेचने वाली पुसौर की दोनों दुकानों को 21 दिन के लिए प्रतिबंधित कर दिया गया है । 21 दिनों तक यहां उर्वरक का विक्रय नहीं हो सकेगा। कृषि विभाग अब बयानों के आधार पर आगे की कार्रवाई कर रहा है। कलेक्टर रानू साहू के निर्देश पर एसडीएम रायगढ़ गगन शर्मा ने अपनी टीम के साथ पुसौर के दो दुकानों में जांच की। प्रकाश ट्रेडर्स और प्रधान ट्रेडर्स में किसान बनाकर एक आदमी को भेजा गया। यूरिया और डीएपी का विक्रय तय कीमत से अधिक में किया जा रहा था। रंगे हाथों पकड़े जाने के बाद दोनों दुकानों को सील कर दिया गया।

कृषि विभाग ने पंचनामा की कार्रवाई करते हुए दुकानों में रखे उर्वरक को सील कर दिया है। साथ ही दोनों दुकानों को 21 दिन के लिए विक्रय से प्रतिबंधित कर दिया है। कार्रवाई के दौरान दोनों दुकान संचालकों के बयान भी लिए गए थे इसके आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। अभी जिले में डीएपी की ज्यादा किल्लत है। यूरिया की किल्लत अगस्त और सितंबर में होगी। डीएपी की कम आवक के कारण कमी हो रही है। निजी व्यापारी जमाखोरी कर रहे हैं, इसलिए किसानों को ज्यादा कीमत में खाद मिल है। कृषि विभाग भी कार्रवाई नहीं कर रहा है।

कार्रवाई नहीं केवल स्टॉक वेरीफिकेशन
रायगढ़ जिले में खाद माफिया की पैठ बहुत गहरी हो चुकी है। कृषि विभाग भी इन पर कोई कार्रवाई नहीं करता। गुरुवार को भी राजस्व विभाग ने कार्रवाई की इसलिए गड़बड़ी पकड़ में आ गई। कृषि विभाग जांच के नाम पर केवल स्टॉक वेरीफिकेशन ही करता है। जबकि हर ब्लॉक में डीएपी 1700 रुपए से 2000 रुपए तक बिक रहा है। थोक डीलरों पर कृषि विभाग का कोई नियंत्रण नहीं है।
- “एक दिन में मिलेगा न्याय!” — 9 मई को लगेगी नेशनल लोक अदालत, मौके पर सुलह से निपटेंगे हजारों मामले… - April 29, 2026
- “गांव-गांव पहुंचेगा प्रशासन, मौके पर होगा समाधान!” — सारंगढ़ में ‘सुशासन तिहार 2026’ का बड़ा ऐलान… - April 29, 2026
- पट्टा मिला… पर नक्शे में नाम गायब! किसान पहुंचे कलेक्टर दरबार, न्याय की लगाई गुहार… - April 29, 2026
