रायपुर। छत्तीसगढ़ में 12 जून तक मानसून पहुंचने का अनुमान इस बार सही साबित नहीं हुआ। मौसम प्रणाली की धीमी गति और अनुकूल परिस्थितियां पूरी तरह विकसित नहीं होने के कारण मानसून की एंट्री टल गई है।

अब मौसम विभाग ने 18 जून तक दक्षिण छत्तीसगढ़ में मानसून पहुंचने के संकेत दिए हैं।
प्रदेश में फिलहाल प्री-मानसून गतिविधियां सक्रिय हैं। इसके चलते कई इलाकों में गरज-चमक, तेज हवा और हल्की बारिश का दौर जारी है। रायपुर समेत मध्य छत्तीसगढ़ में उमस और गर्मी बनी हुई है। मौसम विशेषज्ञों का कहना है कि अगले कुछ दिनों में दक्षिण-पश्चिम मानसून की रफ्तार बढ़ सकती है और बस्तर के रास्ते प्रदेश में इसकी आधिकारिक एंट्री होने की संभावना है।
पांच दिन तक गरज-चमक और तेज हवा का अलर्ट
मौसम विभाग ने प्रदेश में अगले पांच दिनों तक मौसम खराब रहने की संभावना जताई है। कई जिलों में गरज-चमक के साथ हल्की से मध्यम वर्षा हो सकती है। वहीं 40 से 50 किलोमीटर प्रतिघंटे की रफ्तार से हवा चलने की भी चेतावनी जारी की गई है। दक्षिणी और मध्य छत्तीसगढ़ में मेघ गर्जन की गतिविधियां लगातार सक्रिय बनी हुई हैं।
लोगों को खराब मौसम के दौरान खुले स्थानों और पेड़ों के नीचे खड़े नहीं रहने की सलाह दी गई है। किसानों को भी मौसम को देखते हुए खेती कार्य में सावधानी बरतने के लिए कहा गया है।
रायपुर-राजनांदगांव रहे सबसे गर्म
रविवार को रायपुर और राजनांदगांव प्रदेश के सबसे गर्म शहर रहे। दोनों स्थानों पर अधिकतम तापमान 42 डिग्री सेल्सियस के आसपास दर्ज किया गया। वहीं अंबिकापुर में न्यूनतम तापमान 23.6 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड हुआ।
मौसम में लगातार बदलाव से दिन में तेज गर्मी और शाम के समय उमस महसूस की गई। बिलासपुर, मैनपाट, पेंड्रारोड और छोटे डोंगर समेत कुछ क्षेत्रों में हल्की बारिश दर्ज की गई। अगले कुछ दिनों में बारिश की गतिविधियां बढ़ने के साथ तापमान में गिरावट आने की संभावना है।
बस्तर से होती है मानसून की एंट्री
छत्तीसगढ़ में दक्षिण-पश्चिम मानसून की एंट्री आमतौर पर बस्तर संभाग के रास्ते होती है। इसके बाद धीरे-धीरे रायपुर समेत पूरे प्रदेश में आगे बढ़ता है। मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार इस बार बंगाल की खाड़ी और दक्षिण भारत में बने सिस्टम का असर प्रदेश के मौसम पर दिखाई दे रहा है।
मानसून की प्रगति को गति मिल सकती है
दक्षिण छत्तीसगढ़ में अनुकूल परिस्थितियां बनने लगी हैं, जिससे मानसून की प्रगति को गति मिल सकती है। विशेषज्ञों का कहना है कि यदि समुद्री हवा की सक्रियता बढ़ी तो अगले कुछ दिनों में प्रदेश में व्यापक बारिश शुरू हो सकती है।
- किन पोषक तत्वों की कमी से बाल होते हैं कमजोर और डैमेज? एक्सपर्ट से जानें ये कमी कैसे होगी पूरी… - June 15, 2026
- पर्पल कलर का ये जूस बढ़ाएगा ताजगी, मिलेगी एक्सट्रा ठंडक और होंगे 4 फायदे… - June 15, 2026
- वेलकम टू द जंगल’ से ज्यादा ‘धमाल 4’ के ट्रेलर को क्यों मिल रहा ऑडियंस का शानदार रिस्पांस? फैंस ने निकाले कई लूपहोल… - June 15, 2026

