सारंगढ़। सारंगढ़ विधायक उत्तरी गनपत जांगड़े ने प्रदेश के लाखों शासकीय अधिकारियों एवं कर्मचारियों के हित में मुख्यमंत्री विष्णु देव साय को पत्र लिखकर वर्ष 2026 के लिए खुली, पारदर्शी और समयबद्ध स्थानांतरण नीति तत्काल लागू करने की मांग की है। विधायक की इस पहल को कर्मचारी हितों से जुड़ा महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।
मुख्यमंत्री को भेजे गए पत्र में विधायक जांगड़े ने उल्लेख किया है कि प्रदेश के विभिन्न विभागों में कार्यरत अधिकारी और कर्मचारी लंबे समय से स्थानांतरण नीति लागू होने की प्रतीक्षा कर रहे हैं। नीति के अभाव में अनेक कर्मचारी अपने गृह जिलों से दूर सेवाएं देने को विवश हैं, जिससे उनके पारिवारिक जीवन, बच्चों की शिक्षा और स्वास्थ्य संबंधी समस्याएं लगातार बढ़ रही हैं।
उन्होंने कहा कि शिक्षक संगठनों, स्वास्थ्य कर्मियों तथा अन्य विभागों के कर्मचारियों द्वारा लगातार ज्ञापन सौंपकर न्यायसंगत और पारदर्शी स्थानांतरण नीति लागू करने की मांग की जा रही है। कर्मचारियों का मानना है कि स्पष्ट एवं निष्पक्ष स्थानांतरण व्यवस्था से उन्हें राहत मिलेगी और प्रशासनिक कार्यों की गुणवत्ता तथा दक्षता में भी वृद्धि होगी।
विधायक जांगड़े ने पत्र में यह भी उल्लेख किया कि कई मामलों में पति-पत्नी अलग-अलग जिलों में पदस्थ हैं, जिससे पारिवारिक जीवन प्रभावित हो रहा है और अनेक व्यावहारिक कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है। उन्होंने कहा कि कर्मचारियों का मनोबल बढ़ाने तथा शासन की जनकल्याणकारी योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन के लिए स्थानांतरण नीति का शीघ्र लागू होना आवश्यक है।
उन्होंने मुख्यमंत्री से आग्रह किया कि कर्मचारी हितों को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए वर्ष 2026 के लिए खुली, पारदर्शी एवं समयबद्ध स्थानांतरण नीति लागू की जाए। साथ ही सुझाव दिया कि यदि समय रहते प्रक्रिया प्रारंभ नहीं हुई तो आगामी चुनावी गतिविधियों के कारण कर्मचारियों को स्थानांतरण का अवसर नहीं मिल पाएगा।
विधायक उत्तरी गनपत जांगड़े ने विश्वास जताया कि राज्य सरकार कर्मचारियों की वर्षों पुरानी मांग पर सकारात्मक निर्णय लेते हुए लाखों कर्मचारियों एवं उनके परिवारों को राहत प्रदान करेगी। उनकी इस पहल से प्रदेशभर के कर्मचारियों में नई उम्मीद जगी है।


