सारंगढ़। स्टेट बैंक ऑफ इंडिया की मुख्य शाखा सारंगढ़ में अधिकारियों की कथित लापरवाही के चलते मृतिका के परिजनों को अटल पेंशन योजना की क्लेम राशि प्राप्त करने के लिए करीब 18 महीने तक बैंक के चक्कर लगाने पड़े। मामला जब क्षेत्रीय प्रबंधक तक पहुंचा तब बैंक प्रबंधन हरकत में आया और कुछ ही घंटों में लंबित प्रक्रिया पूरी करने की जानकारी दी गई। वहीं पीड़ित पति ने लापरवाह अधिकारियों पर कड़ी कार्रवाई की मांग की है।
जानकारी के अनुसार सालर निवासी अरविंद प्रकाश पांडे की पत्नी स्वर्गीय श्रीमती सुषमा पाण्डेय का बचत खाता एसबीआई मुख्य शाखा सारंगढ़ में संचालित था। खाते से वर्ष 2014 से अटल पेंशन योजना के तहत प्रतिमाह 630 रुपये की कटौती हो रही थी। 23 जुलाई 2024 को स्वास्थ्यगत कारणों से सुषमा पाण्डेय का निधन हो गया।
पत्नी के निधन के बाद अरविंद प्रकाश पांडे ने 14 फरवरी 2025 को अटल पेंशन योजना की दावा राशि प्राप्त करने हेतु सभी आवश्यक दस्तावेज शाखा में पदस्थ सहायक अधिकारी सुमीत के पास जमा किए। चार माह बाद जब वह जानकारी लेने पहुंचे तो उन्हें दस्तावेज गुम होने की बात बताई गई, जिसके बाद उन्हें दोबारा समस्त दस्तावेज एवं फार्म तैयार कर 11 जून 2025 को पुनः जमा करना पड़ा।
अरविंद पांडे का आरोप है कि बार-बार निवेदन करने पर भी संबंधित अधिकारी “साइट नहीं खुलने” का बहाना बनाते रहे। परेशान होकर उन्होंने 14 अगस्त 2025 को शाखा प्रबंधक गुप्ता को लिखित शिकायत भी दी, लेकिन इसके बावजूद खाते से अटल पेंशन योजना की राशि कटती रही।
आर्थिक और मानसिक रूप से परेशान होकर अंततः अरविंद पांडे ने 5 मई 2026 को व्हाट्सएप के माध्यम से क्षेत्रीय प्रबंधक को शिकायत भेजी। शिकायत के बाद बैंक प्रबंधन सक्रिय हुआ और मात्र तीन घंटे के भीतर स्वर्गीय सुषमा पाण्डेय का अटल पेंशन खाता बंद कर दिया गया।
पीड़ित अरविंद पांडे ने क्षेत्रीय प्रबंधक से मांग की है कि 18 माह तक उन्हें परेशान करने वाले लापरवाह अधिकारी-कर्मचारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए, ताकि भविष्य में किसी अन्य परिवार को ऐसी परेशानी का सामना न करना पड़े।

