भारतीय किसान संघ (BKS) ने छत्तीसगढ़ (Chhattisgarh) के मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय (Vishnu Dev Sai) को ज्ञापन भेजकर निजी खाद व्यापारियों पर कार्रवाई, सहकारी समितियों में पर्याप्त खाद भंडारण और कृषि पंपों के लिए निर्बाध बिजली आपूर्ति की मांग की है.

साथ ही, इस संबंध में कृषि उपसंचालक के दफ्तर जाकर भी अपनी नाराजगी जतायी है. किसान संघ का आरोप है कि 18 जून 2025 को तहसील स्तर पर खाद की कमी और कालाबाजारी की जानकारी प्रशासन को दी गई थी, लेकिन अब तक कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया.
खाद की भारी कमी
किसानों द्वारा की गई शिकायत की मानें, तो स्थिति यह है कि यूरिया 266 रुपये की जगह 800 रुपये और डीएपी 1350 रुपये की जगह दो हजार रुपये में बेची जा रही है. कई सहकारी समितियों में खाद लगभग खत्म हो चुकी है, जिससे किसान महंगे दामों पर बाजार से खाद खरीदने को मजबूर हैं.
सिंचाई का काम प्रभावित
संघ ने यह भी कहा कि प्रदेश में बिजली कटौती के कारण सिंचाई का कार्य भी बुरी तरह से प्रभावित हो रहा है. खेतों में फसल सूखने की नौबत आ रही है. किसानों का आरोप है कि विद्युत विभाग कटौती के नाम पर मनमानी कर रहा है.
बड़े आंदोलन की चेतावनी
भारतीय किसान संघ ने अपनी शिकायतों को लेकर एक ज्ञापन सीएम विष्णुदेव साय को भेजा है. इसमें ये भी चेतावनी दी गई है कि अगर तत्काल कार्रवाई कर समस्याओं का समाधान नहीं किया गया, तो संगठन बड़ा आंदोलन भी कर सकता है
- MP-CG की सहमति के बाद भी नहीं मिला एरियर, सरकार के खिलाफ खोला मोर्चा, 17 दिसंबर को प्रदेशव्यापी आंदोलन… - September 22, 2026
- छत्तीसगढ़ स्कूल शिक्षा विभाग में बंपर नियुक्तियों के अवसर, व्याख्याता के 854 पदों पर होगी भर्ती, जानिए पूरी खबर… - September 22, 2026
- छत्तीसगढ़ में 11वीं की छात्रा से दुष्कर्म, स्कूल के शिक्षक ने बनाया का हवस का शिकार, इस जिले से सामने आया गुरु-शिष्य के रिश्ते को शर्मसार करने वाला मामला… - September 22, 2026
