छत्तीसगढ़ (Chhattisgarh) के कवर्धा जिले के कुकदूर थाना क्षेत्र अंतर्गत कोदवागोडान धान उपार्जन केंद्र से बड़ा घोटाले का मामला सामने आया है. तत्कालीन केंद्र प्रभारी रमाशंकर चंद्राकर पर अमानत में खयानत का गंभीर आरोप लगा है.

कुकदूर थाना में इस मामले में एफआईआर दर्ज कर ली गई है. जानकारी के अनुसार, कुल 1.39 करोड़ रुपये का 6 हजार क्विंटल धान गायब है. इस धान का न कहीं हिसाब है और न कहीं स्टॉक है.

क्या है पूरा मामला?
प्राप्त जानकारी के अनुसार, धान उपार्जन केंद्र में प्रभारी रहते हुए रमाशंकर चंद्राकर पर लगभग 6,000 क्विंटल धान, जिसकी अनुमानित बाजार कीमत ₹1.39 करोड़ रुपये बताई जा रही है, के गायब होने का आरोप है. जांच में सामने आया है कि यह धान ना तो गोदाम में मौजूद है और ना ही उसका कोई वैध हिसाब-किताब उपलब्ध है. अधिकारियों के अनुसार, यह मामला अमानत में खयानत के तहत दर्ज किया गया है. हालांकि, अब तक आरोपी की गिरफ्तारी नहीं हो सकी है.
पुलिस कर रही जांच
पुलिस इस पूरे मामले की विस्तृत जांच में लगी हुई है. जिले में धान उपार्जन प्रक्रिया की पारदर्शिता पर एक बार फिर सवाल खड़े हो गए हैं. अब देखना होगा कि पुलिस और प्रशासन की अगली कार्रवाई क्या होती है, और दोषियों पर क्या सख्त कदम उठाए जाते हैं.
- मेहनतकशों को मिला सम्मान: मजदूर दिवस पर श्रमिकों के चेहरे खिले, अभामा महिला सम्मेलन की अनोखी पहल… - May 2, 2026
- फ्लाइएश ओवरलोडिंग पर बड़ा एक्शन: 4 वाहनों से 1.26 लाख वसूली, 20 अन्य पर भी चली कार्रवाई… - May 2, 2026
- 16-17 मई को होगा भाजपा का मेगा प्रशिक्षण वर्ग, तैयारी बैठक में दिखा जबरदस्त उत्साह… - May 2, 2026
