सारंगढ़। भीषण गर्मी के बीच राजनीतिक सरगर्मी उस समय बढ़ गई, जब भाजपा महिला मोर्चा की प्रदेश अध्यक्ष विभा अवस्थी का आगमन सारंगढ़ रेस्ट हाउस में हुआ। उनके स्वागत के लिए महिला मोर्चा की पदाधिकारी, जिला पंचायत की महिला सभापति एवं सदस्य बड़ी संख्या में उपस्थित रहीं। तपती दोपहर में भी कार्यक्रम का उत्साह कम नहीं हुआ और माहौल पूरी तरह राजनीतिक चर्चाओं से गर्म रहा।
इस दौरान पत्रकारों से बातचीत करते हुए विभा अवस्थी ने अपने दौरे का उद्देश्य स्पष्ट किया। उन्होंने बताया कि वे जिला महिला मोर्चा अध्यक्ष वैजयंती नंदू लहरे की सुपुत्री के विवाह में शामिल होने आई हैं। उन्होंने भावुक अंदाज में कहा कि “वह मेरी भी बेटी जैसी है, एक मुखिया के नाते उसे आशीर्वाद देने आई हूं।”
उन्होंने आगे कहा कि एक आह्वान पर रायपुर में आयोजित नारी शक्ति रैली में 30 हजार से अधिक महिलाओं की भागीदारी इस बात का प्रमाण है कि महिलाएं अब अपने अधिकारों को लेकर जागरूक और संगठित हैं।
राजनीतिक मुद्दों पर बोलते हुए विभा अवस्थी ने नारी शक्ति वंदन अधिनियम को लेकर विपक्ष पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि यह कानून महिलाओं को नीति-निर्धारण में भागीदारी देने के लिए लाया गया था, लेकिन विपक्ष ने अपने स्वार्थ के कारण इसे आगे बढ़ने से रोका। उनके अनुसार, “यह सिर्फ सीटों का नहीं, बल्कि भारतीय नारी के सम्मान का विषय है।”
उन्होंने कहा कि भारत लोकतंत्र की जननी है और महिलाओं को बराबरी का अधिकार दिलाना समय की मांग है। उन्होंने विपक्षी गठबंधन पर आरोप लगाते हुए कहा कि “राजनीतिक स्वार्थ के चलते महिलाओं के अधिकारों को बार-बार नजरअंदाज किया गया है।”
विभा अवस्थी ने केंद्र सरकार की योजनाओं का उल्लेख करते हुए कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में महिलाओं के जीवन में व्यापक बदलाव आया है। उन्होंने शौचालय निर्माण, उज्ज्वला योजना, बैंकिंग सुविधा और आवास योजनाओं को महिलाओं के सशक्तिकरण की दिशा में महत्वपूर्ण कदम बताया।
इस दौरान उन्होंने कांग्रेस पर भी निशाना साधते हुए ऐतिहासिक संदर्भों का जिक्र किया और कहा कि पूर्व सरकारों ने महिलाओं के अधिकारों को पर्याप्त महत्व नहीं दिया। उन्होंने ट्रिपल तलाक पर प्रतिबंध को महिलाओं के हित में बड़ा निर्णय बताया।
कार्यक्रम में शिवकुमारी अनिल साहू, रागिनी केशरबानी, भगवंतीन सहित अन्य महिला कार्यकर्ताओं की उपस्थिति रही। सभी ने नारी सशक्तिकरण के मुद्दे पर एकजुटता दिखाते हुए भाजपा की नीतियों का समर्थन किया।
अंत में विभा अवस्थी ने कहा, “यत्र नार्यस्तु पूज्यंते रमन्ते तत्र देवता”, अर्थात जहां नारी का सम्मान होता है, वहीं देवताओं का वास होता है।
उनके इस दौरे और बयानों ने साफ कर दिया कि आने वाले समय में नारी सशक्तिकरण का मुद्दा राजनीतिक बहस के केंद्र में बना रहेगा।


- कुत्ते के नाम में ‘भगवान राम’ विकल्प पर बवाल: DEO निलंबित, विभाग में मचा हड़कंप! - April 28, 2026
- शिक्षा के प्रकाश पुंज व्याख्याता शोभाराम पटेल को दी गई भावभीनी विदाई.. - April 28, 2026
- भीषण गर्मी और ‘लू’ हेतु RSM हॉस्पिटल ने जारी की एडवाइजरी.. - April 28, 2026
