रायपुर। छत्तीसगढ़ में स्कूलों के संचालन को लेकर सोशल मीडिया पर वायरल हो रही भ्रामक खबरों के बीच स्कूल शिक्षा विभाग ने स्थिति पूरी तरह स्पष्ट कर दी है। विभाग ने कहा है कि स्कूल खुलने की तिथि में किसी प्रकार का बदलाव नहीं किया गया है और प्रदेश के सभी शासकीय एवं निजी विद्यालय पूर्व निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार 16 जून 2026 से ही संचालित होंगे।
हाल ही में सोशल मीडिया पर एक कथित सरकारी आदेश तेजी से प्रसारित किया जा रहा है, जिसमें स्कूलों के खुलने की तारीख 1 जुलाई बताए जाने का दावा किया गया है। स्कूल शिक्षा विभाग ने इस दस्तावेज को पूरी तरह फर्जी और भ्रामक बताते हुए लोगों से केवल आधिकारिक सूचनाओं पर भरोसा करने की अपील की है।
स्कूल शिक्षा मंत्री गजेंद्र यादव ने स्पष्ट कहा कि स्कूलों के संचालन संबंधी कोई नया आदेश जारी नहीं किया गया है। उन्होंने अभिभावकों, विद्यार्थियों और शिक्षकों से सोशल मीडिया पर फैलाए जा रहे अपुष्ट संदेशों से सावधान रहने की अपील की। मंत्री ने चेतावनी देते हुए कहा कि फर्जी दस्तावेज तैयार कर प्रसारित करने वालों की पहचान की जा रही है और जांच के बाद उनके खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
नए शैक्षणिक सत्र की शुरुआत के अवसर पर 16 जून को पूरे प्रदेश में शाला प्रवेश उत्सव भी आयोजित किया जाएगा। इसके लिए जिला प्रशासन, शिक्षा अधिकारियों और विद्यालय प्रबंधन समितियों को आवश्यक दिशा-निर्देश जारी कर दिए गए हैं। स्कूलों में जनजागरूकता अभियान, रैली, बैनर-पोस्टर और विभिन्न प्रचार गतिविधियों के माध्यम से विद्यार्थियों के नामांकन को बढ़ावा दिया जाएगा।
विभाग ने सभी विद्यालयों को सत्र प्रारंभ होने से पहले भवनों की साफ-सफाई, आवश्यक मरम्मत, पेयजल और अन्य मूलभूत सुविधाओं की व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं। साथ ही प्रवेश प्रक्रिया, उपस्थिति पंजी और प्रशासनिक तैयारियों को समय पर पूरा करने को कहा गया है।
शिक्षा विभाग ने स्कूल छोड़ चुके बच्चों की पहचान कर उन्हें पुनः शिक्षा की मुख्यधारा से जोड़ने पर विशेष जोर दिया है। इसके अलावा शिक्षकों के लंबित मामलों के निराकरण, शत-प्रतिशत उपस्थिति सुनिश्चित करने और आगामी तीन महीनों की शैक्षणिक कार्ययोजना तैयार करने के निर्देश भी दिए गए हैं।
विभाग ने एक बार फिर स्पष्ट किया है कि प्रदेश के सभी स्कूल 16 जून से नियमित रूप से खुलेंगे तथा स्कूल खुलने की तिथि बढ़ाए जाने संबंधी वायरल आदेश पूरी तरह भ्रामक और असत्य है।



