सारंगढ़। जिला सारंगढ़-बिलाईगढ़ में भीषण गर्मी ने लोगों का जीना मुहाल कर दिया है। इस सीजन में पहली बार तापमान 44 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया, जिससे पूरे क्षेत्र में लू और गर्म हवाओं का प्रकोप साफ नजर आ रहा है। हालात इतने गंभीर हो चुके हैं कि सुबह से ही लोगों का घर से निकलना मुश्किल हो गया है।
मौसम के इस तीखे तेवर के बीच अधिकतम तापमान 44 डिग्री और न्यूनतम 35 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। सुबह 9:30 बजे से ही सूरज की तपिश लोगों को झुलसाने लगी, जबकि दोपहर होते-होते सड़कों पर सन्नाटा छा गया। खासकर 11:30 बजे से 1:30 बजे तक धूप का असर चरम पर रहा और 2 बजे से 4 बजे के बीच तापमान ने 44 डिग्री का आंकड़ा छू लिया।
गर्मी के इस प्रचंड रूप के कारण बाजारों में भीड़ लगभग गायब हो गई है और लोग जरूरी काम के अलावा घर से बाहर निकलने से बच रहे हैं। मौसम विभाग ने साफ संकेत दिए हैं कि फिलहाल गर्मी से राहत मिलने की कोई संभावना नहीं है, जिससे आने वाले दिनों में परेशानी और बढ़ सकती है।
स्थिति को देखते हुए स्वास्थ्य विभाग भी पूरी तरह अलर्ट मोड पर है। प्रशासन द्वारा जारी एडवाइजरी में लोगों को दोपहर की तेज धूप से बचने, बाहर निकलते समय सिर और चेहरे को ढकने तथा हल्के और ढीले कपड़े पहनने की सलाह दी गई है।
जिला प्रशासन की ओर से डॉ. कन्नौजे और डॉ. एफ आर निराला ने भी बढ़ती गर्मी के साथ डायरिया, मलेरिया, डेंगू और अन्य संक्रामक बीमारियों के खतरे को लेकर सतर्क रहने की अपील की है। उन्होंने लोगों को ताजा और स्वच्छ भोजन करने, पर्याप्त मात्रा में शुद्ध पानी पीने और डिहाइड्रेशन से बचने के लिए नारियल पानी, नींबू पानी व पानी से भरपूर फलों का सेवन करने की सलाह दी है।
प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग की चेतावनी के बीच साफ है कि इस भीषण गर्मी से बचाव ही सबसे बड़ा उपाय है।



