अब रायगढ़ में भी बनेंगे कलेक्टर और एसपी…निर्धन/प्रतिभावन छात्रों के लिए निःशुल्क मोक्ष IAS एकैडमी का हुवा शुभारंभ….
जगन्नाथ बैरागी
रायगढ़। शिक्षा अंधकार से प्रकाश की ओर जाने वाला आंदोलन है।शिक्षा का पूरा उद्देश्य दर्पण को खिड़कियों में बदलना है, जिस पर अच्छे कोचिंग संस्थान अंधेरे में टॉर्च की तरह कार्य करती हैं।
कोचिंग संस्थान किसी भी प्रतियोगी परीक्षा के लिए छात्रों को तैयार करने में निर्णायक भूमिका निभाते हैं। वे छात्र को इस तरह से तैयार करते हैं कि वह न सिर्फ समय के अंदर सारे सवालों का जवाब दे दे, बल्कि रिवीजन भी कर ले।
किसी प्रतियोगी परीक्षा में सफल होने के लिए कड़ी मेहनत के साथ-साथ कोचिंग संस्थानों की भी भूमिका अहम होती है। समय के साथ आज कोचिंग संस्थानों की महत्ता और उनकी भूमिका में खासा बदलाव आया है। जैसे-जैसे प्रतियोगिता कठिन से और कठिन होती गई, लोगों को यह लगने लगा कि स्वाध्याय के साथ-साथ कोचिंग भी जरूरी है।
आज यूपीएससी, पीएससी,बैंकिंग,रेलवे, मेडिकल, इंजीनियरिंग आदि में सफलता के लिए छात्रों की कोचिंग संस्थानों पर बढ़ती निर्भरता यह साबित करती है कि किसी भी प्रतियोगी परीक्षा में सफलता के लिए उनके द्वारा दिये जाने वाले मार्गदर्शन की एक अहम भूमिका होती है।
रायगढ़ में “मोक्ष आईएएस” के ओपन होने से रायगढ़ जिले के होनहार बच्चों को शहर से बाहर दिल्ली या रायपुर जाकर अध्ययन करने की अब मजबूरी नहीं होगी, क्योंकि उन्हें रायपुर और दिल्ली स्तर का मार्गदर्शन और मटेरियल अब रायगढ़ में ही मोक्ष आईएएस अकैडमी में उपलब्ध हो सकेगी…
उचित मार्गदर्शन की कमी बनती है प्रतितोगी परीक्षाओं में बाधा- के.डी. सर (डायरेक्टर मोक्ष आईएएस)
मोक्ष आईएएस संस्था के डायरेक्टर श्री करमवीर धुरंधर (के.डी. सर) ने बताया कि छत्तीसगढ़ के बच्चों में अटूट प्रतिभा और क्षमता है परन्तु सही मर्गदर्शन नहि मिलने से मंज़िल तक पहुचने में कई रुकवाटें आती हैं, और बेवजहद देरी भी होती है .. हमारा लक्ष्य सभी कमियों को दूर करना और रास्ते में आ रहे अड़चन को खतम करके रायगढ़ के प्रतियोगी छात्रों को मंज़िल तक पहुँचाना है।

दिल्ली पैटर्न में होगा टेस्ट सीरीज़ और क्रैश सेशन- डी के मंथन सर (एक्सक्यूटिव डायरेक्टर)
संस्थान के एक्सक्यूटिव डायरेक्टर श्री मंथन सर ने मीडिया को बताया कि संस्थान में दिल्ली के पैटर्न पर टेस्ट सिरीज़ , क्लास नोट्स , डाउट क्लीरिंग सेशन का विशेस प्रबंध रहेगा। साथ ही सभी सब्जेक्ट के अनुभवी और दक्ष शिक्षको की सबसे बड़ी टीम मोक्ष आईएएस के पास है ,जो विद्यार्थी के किसी भी प्रकार के शंका समाधान के लिए हमेशा मौजूद रहती है । साथ ही श्री मंथन सर ने बताया कि प्रत्येक सब्जेक्ट हेतु 2 अनुभवी शिक्षकों की टीम रहेगी, जो फो अलग स्तर के विद्यार्थियों के मार्गदर्शन हेतु सदैव तैयार रहेंगे।

सब्जेक्ट समझ नही आने पर फीस वापस करने वाला छत्तीसगढ़ का पहला संस्थान मोक्ष आईएएस-
श्री मंथन सर ने बताया कि मोक्ष आईएएस का उद्दशेय ही सरल शब्दों में कठिन विषयों की पढ़ाई है। जिससे मार्गदर्शन लेकर एक एवरेज स्टूडेंट्स भी अपने भविष्य निर्माण के प्रति आश्वस्त हो सके। इसलिए संस्थान में सभी विषयों को आसान भाषा मे समझाया और सिखाया जाता है। हमारे लिए कोचिंग का उद्देश्य छात्रों का मार्गदर्शन है , व्यवसायिक फायदा नही। अतः यदि किसी बच्चे को कोई सब्जेक्ट समझ नही आएगा तो उनकी फ़ीस मोक्ष आईएएस वापस कर देगी।
आर्थिक रूप से कमजोर विद्यार्थियों के लिए मार्गदर्शन पूरी तरह निःशुल्क रहेगा।
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