रायगढ़, राज्य सरकार द्वारा स्कूलों में छात्रों की उपस्थिति को लेकर निर्देश जारी किया गया था। लोक शिक्षण संचालनालय छत्तीसगढ़ द्वारा जारी निर्देश में कक्षा पहली से आठवीं तक के मूल्यांकन संचालन एवं शिक्षकों एवं छात्रों की उपस्थिति के संबंध में निर्देश जारी करते हुए कहा गया था कि राष्ट्रीय शिक्षा नीति के अनुपालन में कक्षा पहली से आठवीं तक के बच्चों को मूल्यांकन के आधार पर पिछली कक्षा में नहीं रोका जाना है तथा कक्षा पहली से आठवीं तक के समस्त बच्चों को सामान्य रूप से वर्तमान शिक्षा सत्र में अगली कक्षा में प्रवेश दिया जाना है। साथ ही जारी निर्देश में यह भी स्पष्ट किया गया था कि प्रदेश के सभी विद्यालय में बच्चों की अकादमिक उपलब्धियों का सतत मूल्यांकन किया जाना है और उसके आधार पर सभी बच्चों को आवश्यक शिक्षण देने की व्यवस्था भी की जानी है। 15 अप्रैल 2022 के बाद छात्रों की उपस्थिति की अनिवार्यता नहीं है, संबंधी निर्देश भी जारी किए गए थे। विदित हो कि जारी निर्देशानुसार 15 अप्रैल के बाद छात्रों के स्कूल आने की भले ही बाध्यता नहीं हो किंतु स्कूलों में शिक्षकों की उपस्थिति शत-प्रतिशत शाला के लिए निर्धारित समय तक सुनिश्चित की जानी है तथा स्कूल में निर्धारित मूल्यांकन कार्यक्रम के अनुरूप एंड लाइन मूल्यांकन कार्य करते हुए प्रदत्त प्रगति पत्रक भर कर 30 अप्रैल तक बच्चों को उपलब्ध कराया जाना है। छात्रों के एन्ड लाइन मूल्यांकन पश्चात इसकी एंट्री वेबसाइट पर ऑनलाइन पूर्ण किया जाना है। विदित हो किए इस हेतु पूर्व में घोषित निर्धारित मूल्यांकन तिथियों में ही छात्र-छात्राओं को सूचित कर एन्ड लाइन मूल्यांकन भी ली जानी है साथ ही ऐसे विद्यार्थी जो विद्यालय में उपस्थित नहीं हो सकेंगे उन्हें उनके पालकों के माध्यम से घर तक प्रश्न पत्र उपलब्ध कराया जाना है एवं उनका भी एन्ड लाइन मूल्यांकन कर अन्य छात्रों के साथ प्रगति पत्रक उपलब्ध कराया जाना है।

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