सारंगढ़-बिलाईगढ़, 13 सितंबर 2026। राज्य के सबसे बड़े गंगरेल बांध के नौ गेट खोले जाने के बाद महानदी के जलस्तर में बढ़ोतरी को देखते हुए सारंगढ़-बिलाईगढ़ जिला प्रशासन पूरी तरह सतर्क हो गया है। कलेक्टर पद्मिनी भोई साहू ने नदी किनारे बसे गांवों और संभावित बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों पर लगातार निगरानी रखने के निर्देश दिए हैं। संबंधित एसडीएम, तहसीलदार, पुलिस, जल संसाधन विभाग और मैदानी अमले को हाई अलर्ट पर रहने तथा किसी भी स्थिति से निपटने के लिए राहत-बचाव की सभी तैयारियां पूरी रखने कहा गया है।
प्रशासन ने नदी किनारे बसे गांवों में मुनादी कराकर ग्रामीणों को सतर्क करने और लोगों को नदी व जलभराव वाले क्षेत्रों के पास जाने से रोकने के निर्देश दिए हैं। जल संसाधन विभाग के अनुसार कलमा बैराज में भी जलस्तर लगातार बढ़ा है। शनिवार शाम 7 बजे बैराज का जलस्तर 193.550 मीटर था, जो रविवार सुबह 7 बजे बढ़कर 194.700 मीटर पहुंच गया। हालांकि फिलहाल जलस्तर खतरे के निशान से नीचे है।
तहसीलदार सारंगढ़ एन.के. सिन्हा ने बताया कि संभावित प्रभावित क्षेत्रों में स्थिति फिलहाल सामान्य है। नदी किनारे के क्षेत्रों में ग्रामीणों को सावधानी बरतने के लिए मुनादी कराई जा रही है। कलेक्टर ने अधिकारियों को जलस्तर में होने वाले प्रत्येक बदलाव की जानकारी लेने और जरूरत पड़ने पर तत्काल राहत एवं बचाव कार्य शुरू करने के लिए संसाधन तैयार रखने के निर्देश दिए हैं। जिला प्रशासन ने नागरिकों से अपील की है कि वे अनावश्यक रूप से नदी किनारे न जाएं, जलभराव वाले स्थानों से दूर रहें और किसी भी आपात स्थिति की सूचना तत्काल प्रशासन को दें।



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