सारंगढ़। नगर पालिका परिषद सारंगढ़ में बढ़ती गंदगी, जलभराव और मच्छरों की समस्या के बीच अब शहरवासियों ने नालियों की नियमित और प्रभावी सफाई को सर्वोच्च प्राथमिकता देने की मांग उठाई है। नागरिकों का कहना है कि यदि नगर पालिका केवल नालियों की सफाई पर गंभीरता से ध्यान दे, तो शहर की आधी से अधिक समस्याओं का समाधान स्वतः हो सकता है।
नगर की आबादी 30 हजार से अधिक है, लेकिन सड़क सफाई व्यवस्था महज 25 सफाई कर्मचारियों के भरोसे संचालित होने की बात सामने आ रही है। हालांकि पालिका के कागजों में 120 से अधिक कर्मचारी दर्ज हैं, लेकिन अलग-अलग विभागों और शासकीय परिसरों में कर्मचारियों की ड्यूटी होने के कारण सड़कों और नालियों की सफाई के लिए पर्याप्त अमला उपलब्ध नहीं हो पा रहा है।

नालियों के भीतर वर्षों से जमा है कचरा
स्थानीय लोगों का कहना है कि शहर की वास्तविक समस्या केवल सड़कों पर दिखाई देने वाला कचरा नहीं है, बल्कि नालियों के भीतर वर्षों से जमा गाद और कचरा है। कई जगह नालियों के ऊपर सीमेंट की फर्शी लगी होने के कारण सफाई कर्मचारी अंदर तक पहुंच ही नहीं पाते। ऐसे में ऊपर से सफाई होने के बावजूद नालियों के भीतर गंदगी जमा रहती है, जिससे बदबू, मच्छर और जलभराव की समस्या लगातार बनी रहती है।
नागरिकों ने मांग की है कि नालियों की फर्शी हटाकर अंदर तक गहराई से सफाई कराई जाए। इसके लिए विशेष सफाई अभियान चलाकर नालियों में जमा कचरा, गाद और गंदगी को पूरी तरह बाहर निकाला जाए।
फर्शी हटाओ अभियान चलाने की मांग
शहरवासियों ने नगर पालिका से विशेष ‘फर्शी हटाओ अभियान’ चलाने की मांग की है। नागरिकों का कहना है कि जब तक नालियों को पूरी तरह खोलकर साफ नहीं किया जाएगा, तब तक सफाई व्यवस्था में स्थायी सुधार संभव नहीं है।
लोगों के अनुसार नालियों की गहराई तक नियमित सफाई होने से बरसात के दौरान पानी की निकासी बेहतर होगी और जलभराव की समस्या भी काफी हद तक कम की जा सकती है।
बीमारियों पर भी लगेगा अंकुश
बरसात के मौसम में नालियों में रुका पानी और जमा कचरा मच्छरों के पनपने का बड़ा कारण बनता है। इससे डेंगू, मलेरिया सहित अन्य संक्रामक बीमारियों का खतरा बढ़ जाता है। ऐसे में नालियों की नियमित और गहराई तक सफाई केवल स्वच्छता का मुद्दा नहीं, बल्कि जनस्वास्थ्य से जुड़ा अहम विषय भी है।
शहरवासियों का कहना है कि नगर पालिका को सफाई व्यवस्था में पर्याप्त संसाधन और जनशक्ति उपलब्ध कराने के साथ नालियों की सफाई को प्राथमिकता देनी चाहिए। यदि समय रहते प्रभावी अभियान चलाया गया, तो शहर को गंदगी, जलभराव और मच्छरों की समस्या से काफी राहत मिल सकती है।
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