सारंगढ़। जिले की पुलिस व्यवस्था को और अधिक चुस्त-दुरुस्त बनाने के लिए पुलिस अधीक्षक द्वारा किए गए हालिया फेरबदल के तहत प्रमोद कुमार यादव ने जिला मुख्यालय के कोतवाली थाना प्रभारी का पदभार संभाल लिया है। उल्लेखनीय है कि पूर्व थाना प्रभारी कामिल हक के बिलासपुर स्थानांतरण के बाद, शासन ने क्षेत्र की सुरक्षा और कानून व्यवस्था की जिम्मेदारी अब प्रमोद यादव के कंधों पर सौंपी है।

सरिया में गांजा तस्करों के काल बने थे यादव-

प्रमोद कुमार यादव की गिनती जिले के सबसे सक्रिय और परिणाम देने वाले अधिकारियों में होती है। ओडिशा सीमा से लगे सरिया थाना प्रभारी के रूप में उनका कार्यकाल ‘ऐतिहासिक’ रहा है। उन्होंने न केवल गांजा तस्करी के बड़े सिंडिकेट को ध्वस्त किया, बल्कि अवैध शराब और जरायम पेशा अपराधियों की कमर तोड़कर जिले में अपनी एक अलग पहचान बनाई है। उनके इसी शानदार ट्रैक रिकॉर्ड को देखते हुए अब उन्हें जिला मुख्यालय की महत्वपूर्ण जिम्मेदारी दी गई है।
अपराधी सुधर जाएं या छोड़ दें इलाका-
कोतवाली का प्रभार लेते ही मीडिया से मुखातिब होते हुए थाना प्रभारी प्रमोद कुमार यादव ने अपने इरादे साफ कर दिए हैं। उन्होंने दो टूक शब्दों में कहा ”मेरी पहली प्राथमिकता अपराध मुक्त क्षेत्र बनाना है। अपराधी चाहे कितना भी रसूखदार क्यों न हो, उसे बख्शा नहीं जाएगा। आम नागरिकों के लिए मेरे दरवाजे हमेशा खुले हैं और उनकी समस्याओं का त्वरित निराकरण मेरी प्रतिबद्धता है, लेकिन जरायमपेशा अपराध करने वालों पर अब कानूनी चाबुक चलना तय है।”
शहरवासियों में जगी सुरक्षा की नई उम्मीद-
जिला मुख्यालय में श्री यादव की पदस्थापना से स्थानीय नागरिकों में खुशी की लहर है। लोगों का मानना है कि उनकी कार्यशैली से शहर की पुलिसिंग व्यवस्था न केवल हाई-टेक होगी, बल्कि चोरी, जुआ-सट्टा और नशाखोरी जैसे अपराधों पर तत्काल लगाम लगेगी।
अब देखना यह होगा कि सरिया में अपनी सफलता का झंडा गाड़ने वाले प्रमोद यादव, सारंगढ़ कोतवाली क्षेत्र में अपराधियों पर किस तरह नकेल कसते हैं।
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